सोन नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए हुसैनाबाद क्षेत्र में प्रशासन और जल संसाधन विभाग ने नदी किनारे रहने वाले ग्रामीणों, किसानों और पशुपालकों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विभिन्न बराज और जलाशयों से करीब 2 लाख क्यूसेक अतिरिक्त पानी सोन नदी में पहुंचने के बाद जलस्तर में वृद्धि हुई है।
सोनपुरवा, देवरी खुर्द, देवरी कला, बुधुआ, बड़ेपुर और दंगवार समेत कई गांवों में नदी किनारे कटाव जारी है। ग्रामीणों ने लंबे समय से तटबंध निर्माण की मांग की है।
नदी के बीच खेती करने वालों को लौटने की सलाह
सोन नदी के बीच बने बालू के टीलों पर किसान परवल, खीरा और अन्य मौसमी सब्जियों की खेती करते हैं। कुछ लोग यहां मवेशी भी रखते हैं। जलस्तर बढ़ने की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने ऐसे लोगों को समय रहते सुरक्षित स्थानों पर लौटने की सलाह दी है।
फिलहाल स्थिति नियंत्रण में
सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता अजय कुमार सिंह के अनुसार फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है और घबराने की जरूरत नहीं है। विभाग सोन नदी के जलस्तर पर लगातार नजर रख रहा है।
एसडीओ समीर अल्फ्रेड मुर्मू ने लोगों से नदी के बीच बने टीलों, निचले इलाकों और कटाव प्रभावित क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की है। सोन नदी का बहाव आगे बिहार के रोहतास जिले की ओर जाता है, इसलिए वहां के तटीय इलाकों पर भी नजर रखी जा रही है।